पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान की छवि को खराब करने और प्रदेश की शांति-व्यवस्था को भंग करने के इरादे से बनाई गई फर्जी वीडियो के मामले को लेकर गुरुवार को वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा के नेतृत्व में ‘आप’ पंजाब के एक प्रतिनिधिमंडल ने पंजाब के डीजीपी से मुलाकात की।
प्रतिनिधिमंडल ने डीजीपी को दो महत्वपूर्ण रिपोर्ट सौंपते हुए फर्जी वीडियो बनाने और इसे सोशल मीडिया पर फैलाने वाले शरारती तत्वों के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग की। इस प्रतिनिधिमंडल में ‘आप’ पंजाब के प्रदेश अध्यक्ष अमन अरोड़ा, प्रदेश मीडिया प्रभारी बलतेज पन्नू और पार्टी के अन्य वरिष्ठ नेता विशेष तौर पर मौजूद थे।
डीजीपी से मुलाकात के बाद मीडिया को संबोधित करते हुए वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने शिरोमणि अकाली दल पर तीखा हमला बोला।
चीमा ने कहा कि 3 करोड़ पंजाबियों द्वारा चुनी गई लोकप्रिय सरकार और मुख्यमंत्री भगवंत मान की साफ-सुथरी छवि से अकाली दल पूरी तरह बौखला गया है। अपनी गंवाई हुई राजनीतिक जमीन को फिर से हासिल करने के लिए अकाली दल अब इस हद तक गिर गया है कि मुख्यमंत्री की फर्जी और छेड़छाड़ की गई वीडियो बनाकर उन्हें बदनाम करने की गहरी साजिश रच रहा है। ‘आप’ नेता ने चेतावनी दी कि ऐसी घटिया हरकतों को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
अकाली दल के इतिहास को काले अक्षरों में लिखा बताते हुए हरपाल सिंह चीमा ने कहा कि अकाली दल का इतिहास हमेशा पंजाब और पंथ विरोधी रहा है। जब-जब अकाली दल सत्ता में आता है, तब-तब पंजाब का भारी नुकसान होता है।
‘आप’ प्रतिनिधिमंडल ने डीजीपी पंजाब से मांग की है कि मुख्यमंत्री की फेक वीडियो बनाने वाले और इसे वायरल करने वाले मास्टरमाइंड को तुरंत गिरफ्तार किया जाए। वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने कहा कि चाहे साजिश रचने वाला पंजाब में बैठा हो या विदेशों में, उसे कानून के कटघरे में लाकर खड़ा किया जाएगा। पंजाब की शांति और कानून व्यवस्था को भंग करने की इजाजत किसी को नहीं दी जाएगी।


