ग्लासगो (स्कॉटलैंड): कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारतीय खिलाड़ियों का शानदार प्रदर्शन लगातार जारी है। शुक्रवार को भारत की सीमा कालीरमना ने महिलाओं की डिस्कस थ्रो स्पर्धा में कांस्य पदक जीतकर देश का नाम रोशन किया, जबकि वेटलिफ्टिंग में लवप्रीत सिंह ने पुरुषों की +110 किलोग्राम वर्ग में रजत पदक अपने नाम किया।
महिलाओं के डिस्कस थ्रो फाइनल में सीमा कालीरमना ने 58.65 मीटर का सर्वश्रेष्ठ थ्रो करते हुए तीसरा स्थान हासिल किया। प्रतियोगिता में जमैका की सामंथा हॉल ने 61.66 मीटर के थ्रो के साथ स्वर्ण पदक जीता, जबकि कनाडा की जूलिया टंक्स 60.67 मीटर के साथ रजत पदक विजेता रहीं।

सीमा की शुरुआत फाउल थ्रो से हुई थी, लेकिन उन्होंने बेहतरीन वापसी करते हुए दूसरे प्रयास में 57.32 मीटर और तीसरे प्रयास में 58.65 मीटर का शानदार थ्रो किया, जिसने उन्हें पदक दिलाया। वहीं, भारत की दूसरी एथलीट निधि 57.10 मीटर के सर्वश्रेष्ठ प्रयास के साथ चौथे स्थान पर रहीं और बेहद मामूली अंतर से पदक से चूक गईं। दूसरी ओर, पुरुषों की +110 किलोग्राम वेटलिफ्टिंग स्पर्धा में भारत के लवप्रीत सिंह ने शानदार प्रदर्शन करते हुए सिल्वर मेडल अपने नाम किया। पूरे मुकाबले के दौरान वह गोल्ड मेडल की दौड़ में सबसे आगे दिखाई दे रहे थे और लगातार बेहतरीन लिफ्ट लगाते रहे।
हालांकि, मुकाबले के अंतिम क्षणों में न्यूज़ीलैंड के डेविड एंड्रयू लिटी ने क्लीन एंड जर्क में 223 किलोग्राम वजन उठाकर बाज़ी पलट दी। अंतिम प्रयास में उन्होंने 15 किलोग्राम का अंतर पाटते हुए कुल स्कोर में लवप्रीत को मात्र एक किलोग्राम से पीछे छोड़ दिया और स्वर्ण पदक जीत लिया। इसके बावजूद लवप्रीत का रजत पदक उनके बर्मिंघम 2022 कॉमनवेल्थ गेम्स के कांस्य पदक से बेहतर उपलब्धि साबित हुआ। इसी बीच, महिलाओं की 5000 मीटर दौड़ के फाइनल में भारत की पारुल चौधरी ने 15 मिनट 08.56 सेकंड का समय दर्ज करते हुए 13वां स्थान हासिल किया। इसके साथ ही उनका कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 अभियान समाप्त हो गया।
सीमा कालीरमना के कांस्य और लवप्रीत सिंह के रजत पदक के साथ भारत ने अपनी पदक तालिका में दो और महत्वपूर्ण उपलब्धियां जोड़ते हुए ग्लासगो में अपना शानदार प्रदर्शन जारी रखा।



