विधायक रमन अरोड़ा अगर किसी भी पुलिस अधिकारी को फोन करे तो उन्हें हर काम पहल के आधार पर होता था।
विधायक रमन अरोड़ा अगर किसी भी पुलिस अधिकारी को फोन करे तो उन्हें हर काम पहल के आधार पर होता था। खास तौर पर सैंट्रल हलके में पड़ते थाने थाना नंबर 2, थाना नंबर 4, थाना न्यू बारादरी, थाना रामामंडी पर पूरी तरह से अपना दवदबा करके बैठे थे, लेकिन वक्त सदैव एक जैसा नहीं रहता और अपनी ही सरकार के कोध्र का शिकार होने के बाद विधायक जोकि गलत काम करने लगे थे, अब पुलिस के हत्थे चढ़ गए हैं। अब पुलिस अधिकारी विधायक का सिंडिकेट लगातार तोड़ रहे हैं और इसी क्रम में एक नया फैसला लिया गया है।
जानकारी के मुताबिक थाना 2 के एस.एच.ओ गुरप्रीत सिंह (एस.आई.) विधायक रमन अरोड़ा के निकट थे और काफी सोशल मीडिया में भी विधायक के साथ उनकी तस्वीरें वायरल हो रही है। सूत्रों की माने तो विधायक के कहने पर पूर्व पुलिस कमिश्नर ने उन्हें थाना 2 का एस.एच.ओ. लगाया था। करीब 28 महीने बतौर एस.एच.ओ. ड्यूटी करने वाले गुरप्रीत सिंह 3 बार विभिन्न समय पर थाना 2 के एस.एच.ओ. लगे रहे।

पुलिस सूत्रों की माने तो नई पुलिस कमिश्नर धनप्रीत कौर सख्त स्वभाव की है और वह नहीं चाहती कि किसी भी विधायक या नेता के कहने पर एस.एच.ओ. नियुक्त हो। पुलिस की बदनामी न हो और लोक हित को देखते हुए उन्होंने तुरंत प्रभाव के चलते एस.एच.ओ. गुरप्रीत सिंह को हटाया और उनके स्थान पर एस.आई. जसविंदर सिंह गिल को थाना 2 की कमान सौंपी है।



