नई दिल्ली: खाने-पीने के प्रोडक्ट्स को हेल्थ बेनिफिट्स से जोड़कर प्रमोट करने वाले सेलिब्रिटी और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स अब FSSAI के निशाने पर हैं। रेगुलेटर ने चेतावनी दी है कि बिना पुख्ता सबूत के ‘इम्युनिटी बढ़ाने’ और ‘पोषक तत्वों से भरपूर’ जैसे दावे करने पर कानूनी कार्रवाई हो सकती है।
FSSAI ने कहा है कि किसी भी फूड प्रोडक्ट को प्रमोट करने से पहले उसके हेल्थ क्लेम की सच्चाई और वैज्ञानिक आधार की जांच जरूरी है। भ्रामक विज्ञापन या एंडोर्समेंट पर Food Safety and Standards Act, 2006 और संबंधित नियमों के तहत कार्रवाई की जा सकती है।
इसी के साथ FSSAI ने तीन कंपनियों—श्याम फूड्स, भारत फूड प्रोडक्ट्स और KDP फूड इंडस्ट्री—के कुछ फूड प्रोडक्ट्स के निर्माण, बिक्री और वितरण पर रोक लगाई है। सरकारी लैब जांच में इनके घी और सरसों के तेल को खाने के लिए असुरक्षित पाया गया था।


