जालंधर जिले के गोराया कस्बे में कानून-व्यवस्था की सरेआम धज्जियां उड़ने का मामला सामने आया है।
गोराया के मुख्य चौक में कुछ हमलावरों ने एक युवक पर तेजधार हथियारों से जानलेवा हमला कर दिया। इस हमले में युवक गंभीर रूप से घायल हो गया है, जिसे उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इस वारदात से स्थानीय व्यापारियों और लोगों में भारी दहशत है। पुलिस की अनुपस्थिति को लेकर प्रशासन के खिलाफ गुस्सा बढ़ रहा है, जबकि पुलिस दोषियों की जल्द गिरफ्तारी का दावा कर रही है।
पुरानी रंजिश के चलते हुआ हमला
घायल युवक की पहचान गांव राजगुमाल निवासी जसविंदर कुमार पुत्र देसराज के रूप में हुई है। पीड़ित ने बताया कि यह पूरा विवाद एक लड़की से बातचीत को लेकर शुरू हुआ था। इस मुद्दे पर घर में पहले से विवाद चल रहा था।
जसविंदर जब अपनी कार से गोराया के मुख्य चौक पर पहुंचा, तो वहां पहले से घात लगाकर बैठे हमलावरों ने उसे घेर लिया। जैसे ही वह कार से बाहर निकला, युवकों ने उस पर हमला बोल दिया। हमलावरों ने लाठी-डंडों से उसकी पिटाई की और फिर तेजधार हथियारों से वार कर उसे लहूलुहान कर दिया।
भीड़भाड़ वाले इलाके में दहशत का माहौल
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हमलावर वारदात को अंजाम देकर बड़े आराम से फरार हो गए। घायल जसविंदर को तुरंत निजी एम्बुलेंस की मदद से बड़ा गांव के सिविल अस्पताल ले जाया गया, जहां फिलहाल उसका इलाज चल रहा है।
पुलिस की गैरमौजूदगी पर उठे गंभीर सवाल
शहरवासियों और दुकानदारों का कहना है कि पिछले कुछ समय से मुख्य चौक से पुलिस बल नदारद रहता है। लोगों ने बताया कि पहले यहां डायल 112 की गाड़ी और पुलिसकर्मी स्थाई रूप से तैनात रहते थे, लेकिन अब सुरक्षा व्यवस्था राम भरोसे है।
व्यापारियों का कहना है कि शाम के समय एसएचओ और अन्य कर्मचारी नाका लगाकर खड़े होते थे, जिससे शरारती तत्वों में डर रहता था। लेकिन पिछले कुछ दिनों से पुलिस की गश्त कम होने के कारण अपराधियों के हौसले बुलंद हो गए हैं। सोशल मीडिया ग्रुप्स में भी शहर के लोग पुलिस प्रशासन की कड़ी निंदा कर रहे हैं।
पुलिस का पक्ष और आगामी कार्रवाई
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी गई है। इस मामले को लेकर जब एसएचओ परमिंदर सिंह थिंद से बात की गई, तो उन्होंने बताया कि पुलिस मामले की गहनता से तफ्तीश कर रही है। उन्होंने आश्वासन दिया कि आसपास के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है और दोषियों को जल्द ही सलाखों के पीछे भेजा जाएगा।