पंजाबी बिजनेसमैन और साउथ एशियन समुदाय के लोगों को एक्सटॉर्शन यानी फिरौती मांगने वाले अपराधियों द्वारा लगातार निशाना बनाया जा रहा है।
कनाडा के कैलगरी शहर में बीते एक साल के दौरान पंजाबी बिजनेसमैन और साउथ एशियन समुदाय के लोगों को एक्सटॉर्शन यानी फिरौती मांगने वाले अपराधियों द्वारा लगातार निशाना बनाया जा रहा है। इस तरह की घटनाओं से स्थानीय लोगों में डर और असुरक्षा का माहौल बन गया है। नॉर्थईस्ट कैलगरी के घनी आबादी वाले इलाके रेड स्टोन कॉमन में रहने वाले पंजाबी सिंगर वीर दविंदर भी इस अपराध का शिकार बने हैं। वीर दविंदर कुछ साल पहले अपने परिवार के साथ कनाडा में आकर बसे थे।
सिंगर के मुताबिक, 6 जनवरी 2026 की रात उन्हें एक अज्ञात व्यक्ति का फोन आया, जिसने अपना नाम अंडा बटाला बताया और उनसे 5 लाख डॉलर की फिरौती मांगी, जब वीर दविंदर ने पैसे देने से इनकार कर दिया, तो कॉल करने वाले ने उन्हें जान से मारने की धमकी देते हुए कहा कि अब मरने के लिए तैयार रहो।
इसके कुछ समय बाद फिरौती मांगने वालों ने उनके घर को निशाना बनाया। राहत की बात यह रही कि उस समय वीर दविंदर अपने परिवार के साथ घर पर मौजूद नहीं थे, जिससे किसी को नुकसान नहीं हुआ। आरोपियों ने उनके घर पर करीब सात गोलियां चलाईं। इनमें से तीन गोलियां घर की बाहरी दीवार को पार करते हुए सीधे बेडरूम तक पहुंच गईं। हालांकि, इस फायरिंग में कोई घायल नहीं हुआ।
इससे पहले भी दो दिन पहले नॉर्थईस्ट कैलगरी के टेरावुड इलाके में एक पंजाबी परिवार के घर पर इसी तरह की फायरिंग की घटना सामने आई थी। पुलिस के अनुसार, जुलाई 2025 से जनवरी 2026 के बीच साउथ एशियन समुदाय के कम से कम 12 परिवारों को फिरौती के लिए धमकाया गया है। जब ये परिवार पैसे देने से मना करते हैं, तो अपराधी उनके घरों पर गोलियां चलाते हैं और पूरी घटना का वीडियो बनाकर पीड़ितों को भेज देते हैं, ताकि डर का माहौल बनाया जा सके।
लगातार हो रही इन घटनाओं से कैलगरी में रहने वाले पंजाबी और साउथ एशियन समुदाय के लोग काफी डरे हुए हैं। हालांकि, पुलिस का कहना है कि घबराने की जरूरत नहीं है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि अगर किसी को भी इस तरह का फोन या धमकी मिले, तो तुरंत पुलिस को इसकी जानकारी दें। पुलिस का कहना है कि अगर फिरौती के पैसे नहीं दिए जाते और मामले की रिपोर्ट की जाती है, तभी आरोपियों को पकड़ने में मदद मिल सकती है। फिलहाल, कैलगरी में फिरौती के मामलों को लेकर चिंता बढ़ गई है और लोग अपनी सुरक्षा को लेकर सतर्क हो गए हैं।