हेनले पासपोर्ट इंडेक्स 2026 की ताजा रैंकिंग जारी हो चुकी है
हेनले पासपोर्ट इंडेक्स 2026 की ताजा रैंकिंग जारी हो चुकी है और इसमें भारतीय पासपोर्ट की स्थिति पहले से बेहतर हुई है। इस बार भारत का पासपोर्ट 80वें स्थान पर पहुंच गया है और पिछले साल 2025 में यह 85वें नंबर पर था यानी एक साल में भारतीय पासपोर्ट की रैंकिंग में 5 पायदान का सुधार दर्ज किया गया है। इससे साफ है कि भारत की वैश्विक यात्रा पहुंच में धीरे-धीरे बढ़ोतरी हो रही है। पिछले साल भारत के साथ 85वीं रैंक पर नाइजर और अल्जीरिया जैसे देश थे, लेकिन इस बार भारत उनसे आगे निकल गया है।
भारतीय पासपोर्ट से 55 देशों में आसान यात्रा
भारतीय पासपोर्ट धारक अब कुल 55 देशों में बिना वीजा, वीजा ऑन अराइवल या इलेक्ट्रॉनिक ट्रैवल ऑथराइजेशन (eTA) के जरिए यात्रा कर सकते हैं। हालांकि यह संख्या पिछले साल 57 थी, लेकिन इसके बावजूद भारत की रैंकिंग में सुधार हुआ है। विशेषज्ञों के मुताबिक, यह बदलाव वैश्विक रैंकिंग में अन्य देशों की स्थिति बदलने की वजह से हुआ है। पिछले कुछ वर्षों में भारतीय पासपोर्ट की रैंकिंग में ज्यादा तेजी नहीं दिखी थी। साल 2006 में भारत 71वें स्थान पर था, लेकिन इसके बाद रैंकिंग में गिरावट आई। अब एक बार फिर भारत मिड-टियर कैटेगरी में स्थिर होकर सुधार की ओर बढ़ता दिख रहा है।
दुनिया का सबसे ताकतवर पासपोर्ट किसके पास?
हेनले पासपोर्ट इंडेक्स 2026 में सिंगापुर का पासपोर्ट दुनिया का सबसे पावरफुल माना गया है। सिंगापुर के नागरिक 192 देशों में बिना वीजा के यात्रा कर सकते हैं। जापान और दक्षिण कोरिया संयुक्त रूप से दूसरे स्थान पर हैं, जिनके पास 188 देशों में वीजा-फ्री पहुंच है। वहीं डेनमार्क, स्विट्जरलैंड, स्वीडन, स्पेन और लक्जमबर्ग तीसरे स्थान पर हैं, जिनके पास 186 देशों में एंट्री की सुविधा है। संयुक्त अरब अमीरात (UAE) ने इस बार शानदार प्रदर्शन किया है। यूएई 5वें स्थान पर पहुंच गया है और 2006 के बाद से अब तक 57 पायदान की छलांग लगा चुका है। फिलहाल यूएई पासपोर्ट से 149 देशों में यात्रा संभव है।
अमेरिका, पाकिस्तान और बांग्लादेश की स्थिति
अमेरिकी पासपोर्ट ने इस बार टॉप-10 में वापसी की है। अमेरिका 10वें स्थान पर पहुंच गया है और उसके नागरिक 179 देशों में वीजा-फ्री यात्रा कर सकते हैं। पिछले साल अमेरिका 12वें स्थान पर चला गया था। दूसरी ओर पाकिस्तान का पासपोर्ट 98वें स्थान पर है और बांग्लादेश 95वें पायदान पर बना हुआ है। ये दोनों देश अभी भी कमजोर पासपोर्ट वाली सूची में शामिल हैं।
सबसे कमजोर पासपोर्ट कौन सा?
दुनिया का सबसे कमजोर पासपोर्ट एक बार फिर अफगानिस्तान का माना गया है। अफगानिस्तान को 101वां स्थान मिला है और उसके नागरिक केवल 24 देशों में ही बिना पहले वीजा के यात्रा कर सकते हैं।
क्या है हेनले पासपोर्ट इंडेक्स?
हेनले पासपोर्ट इंडेक्स दुनिया की सबसे भरोसेमंद पासपोर्ट रैंकिंग मानी जाती है। इसे लंदन स्थित हेनले एंड पार्टनर्स द्वारा तैयार किया जाता है। इस इंडेक्स में 199 देशों के पासपोर्ट को शामिल किया जाता है और यह देखा जाता है कि किसी देश का पासपोर्ट 227 देशों और क्षेत्रों में बिना पहले वीजा के कितनी यात्रा की अनुमति देता है।
इस रैंकिंग के लिए इंटरनेशनल एयर ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन (IATA) के आधिकारिक डेटा का इस्तेमाल किया जाता है। यह इंडेक्स यह भी दिखाता है कि दुनिया में यात्रा की आजादी सभी देशों को समान रूप से नहीं मिली है। टॉप और सबसे निचले पायदान वाले देशों के बीच 168 देशों का अंतर है। पिछले 20 वर्षों में वैश्विक यात्रा के मौके जरूर बढ़े हैं, लेकिन इसके फायदे कुछ देशों को ज्यादा और कुछ को बहुत कम मिले हैं।