हत्या के बाद आरोपी पंजाब से फरार होकर रायपुर पहुंच गए थे।
अमृतसर जिले में आम आदमी पार्टी (AAP) से जुड़े सरपंच की सनसनीखेज हत्या के मामले में पंजाब पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। हत्या को अंजाम देने वाले दोनों मुख्य शूटरों को छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर से गिरफ्तार कर लिया गया है। यह गिरफ्तारी पंजाब पुलिस और रायपुर पुलिस के संयुक्त ऑपरेशन के तहत की गई।
रिश्तेदारों के घर छिपे थे आरोपी
हत्या के बाद आरोपी पंजाब से फरार होकर रायपुर पहुंच गए थे, जहां वे अपने रिश्तेदारों के घर छिपकर रह रहे थे। पंजाब पुलिस को टेक्निकल सर्विलांस और लोकेशन ट्रेसिंग के जरिए इनपुट मिला कि दोनों आरोपी रायपुर के राजेंद्र नगर इलाके में मौजूद हैं। इसके बाद ऋषभ अपार्टमेंट में छापेमारी कर दोनों शूटरों को दबोच लिया गया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सुखराज सिंह और करमजीत सिंह के रूप में हुई है। गिरफ्तारी के बाद उन्हें रायपुर कोर्ट में पेश किया गया, जहां से ट्रांजिट रिमांड पर अमृतसर भेज दिया गया। फिलहाल रायपुर पुलिस आरोपियों के रिश्तेदारों से भी पूछताछ कर रही है।
हत्या की साजिश और गैंग कनेक्शन की जांच तेज
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, इस हत्याकांड के पीछे की साजिश, आपराधिक नेटवर्क और अन्य शामिल लोगों की तलाश लगातार जारी है। जांच एजेंसियां यह भी पता लगाने में जुटी हैं कि आरोपियों को किसने शरण दी और भागने में किसने मदद की।
DGP गौरव यादव का बड़ा बयान
पंजाब के पुलिस महानिदेशक (DGP) गौरव यादव ने 12 जनवरी को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पूरे मामले का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि AAP सरपंच जरमल सिंह की हत्या के मामले में अब तक कुल 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।
2 आरोपी रायपुर से
2 आरोपी मोहाली से
3 आरोपी तरनतारन से गिरफ्तार किए गए हैं
रायपुर से पकड़े गए सुखराज सिंह (निवासी तरनतारन) और करमजीत सिंह (निवासी गुरदासपुर) ने ही सरपंच पर गोलियां चलाई थीं। इसके अलावा जोबनजीत सिंह सहित अन्य आरोपियों को भी हिरासत में लिया गया है।
पुलिस ने सोमवार सुबह कुलविंदर सिंह किंदा, अरमानदीप सिंह और हरदीप सिंह को भी गिरफ्तार कर लिया है। सभी आरोपियों से गहन पूछताछ की जा रही है और पुलिस को उम्मीद है कि जल्द ही पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश किया जाएगा।